refrainगोविन्द हरि गोपाल हरि
गोविन्द हरि गोपाल हरि।
जय जय देव हरि
जय जय देव हरि॥
भावार्थगोविन्द हरि और गोपाल हरि की जय हो! परम भगवान् श्रीहरि की जय हो!
1वन्दे कृष्ण नन्दकुमार
नन्दकुमार मदनगोपाल
मदन गोपाल मोहन रूप
मोहन रूप नन्दकुमार॥
भावार्थमैं नन्द महाराज के सर्वाकर्षक पुत्र श्रीकृष्ण की वंदना करता हूँ। सभी गोपियों के लिए वे कामदेव के समान हैं और उनका रूप अत्यन्त मनोहारी है।
2जय जय देव हरि
जय जय देव हरि
जय प्रभु दीन दयाल हरि॥
भावार्थसभी पतित जीवों पर दयालु भगवान् की मैं वंदना करता हूँ।
3गोविन्द हरि गोपाल हरि
गोविन्द हरि गोपाल हरि
जय जय देव हरि
जय जय देव हरि॥
भावार्थपरम भगवान् श्रीहरि की जय हो! जय हो! गायों को आनन्द देने वाले श्रीगोविन्द की जय हो! गायों का पालन करने वाले श्रीगोपाल की जय हो!
4जय राम हरि जय कृष्ण हरि
जय जय सच्चिनन्दन गौर हरि॥
भावार्थश्रीराम हरि और श्रीकृष्ण हरि की जय हो! शचीमाता के पुत्र श्रीगौरहरि की जय हो!
5गोविन्द हरि गोपाल हरि
गोविन्द हरि गोपाल हरि
जय जय देव हरि
जय जय देव हरि॥
भावार्थगोविन्द हरि और गोपाल हरि की जय हो! परम भगवान् श्रीहरि की जय हो!