नौका विहार
आ रहा है मनोरम उत्सव जिसे कहते हैं नौका विहार, बहुत उत्साह से भक्तों को होता है इसका इंतजार।
सुंदर पुष्पों से सजाकर करते हैं, कुंड और नौका को तैयार, फिर राधा गोविंद के मनोहर उत्सव विग्रह होते हैं उन पर सवार।
गर्मी के मौसम में ठंडा शीतल जल और नौका में भगवान की सवारी, देख कर दूर हो जाती है हृदय की तपन सारी।
सभी भक्त मिलजुल कर करते हैं, मधुर कीर्तन और भजन, मानो वातावरण में हो जाता है दिव्य आनंद का सृजन।
यह उत्सव राधा कृष्ण की दिव्य वृंदावन लीलाओं का करता है हमें स्मरण, चित्त चोर हैं कृष्ण, जो चुपके से कर लेते हैं हमारे चित्त का हरण।
यही मधुर लीलाएं ही तो हैं, जिसको देख-सुन होता है हमारा शुद्धिकरण, यूं ही सेवा के द्वारा भक्त करते हैं, तीव्रता से भगवान का स्मरण।
भगवान को भोग लगाए जाते हैं, विविध व्यंजन और पकवान, और अंत में सभी भक्त मिलकर करते हैं महाप्रसाद का पान।
बस इतना ही कहना चाहती हूं, नौका विहार जिसे boat festival भी कहते हैं, इसके द्वारा हम भगवान को दर्शाते हैं कि आप हमारे हृदय में रहते हैं।
इन उत्सवों के माध्यम से करते हैं हम भगवान से अपना प्रेम प्रकट, ताकि सेवा करके हम आ सकें उनके थोड़े और निकट।
तो आप सब को हार्दिक निमंत्रण है ISKCON Vesu Temple की तरफ से, आइए और हमारे साथ इस नौका विहार का आनंद उठाइए। आपका बहुत-बहुत स्वागत है।
